संगठन ने जताया भरोसा: आशु चंद्रवंशी बने भाजयुमो बोड़ला मंडल महामंत्री

कवर्धा। भारतीय जनता पार्टी ने युवा नेतृत्व को और अधिक मजबूत करते हुए कबीरधाम जिले के बोड़ला मंडल में आशु चंद्रवंशी (आशाराम) को भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) बोड़ला मंडल का महामंत्री नियुक्त किया है। संगठन के इस निर्णय को क्षेत्र के युवा कार्यकर्ताओं के लिए नई ऊर्जा और उत्साह का प्रतीक माना जा रहा है।
ABVP से शुरू हुआ संगठनात्मक सफर
आशु चंद्रवंशी ने अपने सार्वजनिक जीवन की शुरुआत अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) से की। उन्होंने बोड़ला नगर इकाई में नगर मंत्री एवं नगर उपाध्यक्ष जैसे महत्वपूर्ण दायित्व निभाते हुए करीब पाँच वर्षों तक छात्र हितों, संगठन विस्तार और युवा नेतृत्व निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाई।
शिक्षा, सेवा और पत्रकारिता का समन्वय
आशु चंद्रवंशी ने बीएससी, समाजशास्त्र में स्नातकोत्तर, एमएसडब्ल्यू, कंप्यूटर डिग्री तथा साइकोलॉजिकल गाइडेंस एंड काउंसलिंग में डिप्लोमा प्राप्त किया है। वे एक सक्रिय पत्रकार होने के साथ-साथ सामाजिक संस्था के माध्यम से किसानों, युवाओं और ग्रामीण विकास से जुड़े अनेक जनहित कार्यों में भी निरंतर योगदान दे रहे हैं।
राष्ट्रवादी विचारधारा के मजबूत वाहक
राष्ट्रहित और सामाजिक सरोकारों के प्रति समर्पित आशु चंद्रवंशी की पहचान एक सक्रिय राष्ट्रवादी कार्यकर्ता के रूप में रही है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर उन्होंने कुसुमघटा मंडल हिंदू सम्मेलन के संयोजक के रूप में हजारों लोगों की सहभागिता सुनिश्चित कर संगठन क्षमता का परिचय दिया। नियमित रक्तदान, वृक्षारोपण और सामाजिक जागरूकता अभियानों में उनकी सक्रिय भागीदारी भी उल्लेखनीय रही है।
युवाओं में उत्साह, नेताओं ने दी शुभकामनाएं
आशु चंद्रवंशी की नियुक्ति पर भाजपा के वरिष्ठ नेताओं और युवा कार्यकर्ताओं ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए विश्वास जताया कि उनके अनुभव, कार्यशैली और संगठन कौशल से बोड़ला मंडल में भाजयुमो को नई मजबूती मिलेगी तथा अधिक से अधिक युवाओं को संगठन से जोड़ने में सफलता मिलेगी।
आशु चंद्रवंशी ने जताया आभार
नवनियुक्त मंडल महामंत्री आशु चंद्रवंशी ने कहा,
“संगठन ने मुझ पर जो विश्वास व्यक्त किया है, उस पर पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ खरा उतरने का प्रयास करूँगा। मेरा लक्ष्य बोड़ला मंडल के प्रत्येक बूथ तक संगठन को मजबूत करना, राष्ट्रवादी विचारधारा को जन-जन तक पहुँचाना तथा अंतिम पंक्ति के युवा को संगठन की मुख्यधारा से जोड़ना है।”



