पुलिस ने की एक माँ की सहायता,आधी रात को दिलाया बच्चा

कबीरधाम|जिले के नक्सली इलाके बोदा गांव मे पुलिस ने मानवता का परिचय देते हुए एक मां को उसके दुधमुंहे बच्चे से मिलवाया। दरअसल, शराबी पति ने मारपीट कर अपनी पत्नी को आधी रात को घर से निकाल दिया था। दुधमुंहे बच्चे को अपने पास रख लिया था। बच्चे की फिक्र और प्यार में दुखी मां को आधी रात पुलिस से गुहार लगाई। मामला नक्सल प्रभावित तरेगांव जंगल थाना क्षेत्र के बोदा गांव का है।
पीड़िता बोदा गांव की रहने वाली है। पति योगेश अक्सर शराब पीकर उसके साथ मारपीट करता हैं। बुधवार की रात भी योगेश शराब पीकर घर पहुंचा और अपनी पत्नी के साथ मारपीट की। यही नहीं, बुखार से तप रहे 7 माह के दुधमुंहे बच्चे को छीन लिया और पीड़िता को आधी रात घर से निकाल दिया।
दुधमुंहे बच्चे के वियोग में पीड़िता घर के बाहर बैठी रो रही थी। तभी एक ग्रामीण के मोबाइल से रोते हुए डॉयल 112 पर कॉल कर पुलिस से मदद मांगी। सखी सेंटर व महिला हेल्पलाइन रायपुर से तरेगांव थाने में सूचना पहुंची। नक्सल प्रभावित क्षेत्र होने के बावजूद रात 2 बजे पुलिस गांव पहुचकर घर में शराबी पति से दुधमुंहे बच्चे को सुरक्षित उसकी मां से मिलाया और शराबी पति को डांट लगाकर पत्नी और बच्चे को साथ रखने हिदायत दी। मां को दुधमुंहे बच्चे से मिलाने में चाइल्ड हेल्प लाइन, सखी सेंटर, महिला हेल्प लाइन रायपुर व तरेगांव पुलिस का सहयोग रहा।